गढ़वा, 27 सितंबर। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर स्वच्छता ही सेवा कार्यक्रम के तहत शनिवार को गढ़वा जिले के विभिन्न प्रखंडों में विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों, मंदिरों, मस्जिदों एवं अन्य धार्मिक स्थलों के साथ-साथ विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों में विशेष साफ-सफाई की गई।
अभियान का उद्देश्य जिले के पर्यटन एवं धार्मिक स्थलों को स्वच्छ रखने के साथ-साथ आम लोगों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता पैदा करना रहा। कार्यक्रम में ग्रामीणों और स्थानीय लोगों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
स्वच्छता अभियान को सफल बनाने में जलसहियाओं की अग्रणी भूमिका रही। जलसहियाओं द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को स्वच्छता के महत्व के प्रति जागरूक किया गया तथा स्वच्छता अभियान में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया।
अभियान में विभिन्न विभागों के बीच समन्वय भी देखने को मिला। ग्राम स्तर पर जेएसएलपीएस की दीदियों, आंगनबाड़ी सेविका-सहायिका और जलसहियाओं ने आपसी समन्वय के साथ ग्रामीणों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का कार्य किया। इस दौरान लोगों को अपने आसपास के क्षेत्रों को स्वच्छ रखने, कचरे का उचित प्रबंधन करने तथा सार्वजनिक स्थलों की साफ-सफाई बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया।
अधिकारियों एवं अभियान से जुड़े कर्मियों ने कहा कि स्वच्छ पर्यटन स्थल न केवल जिले की सुंदरता बढ़ाते हैं, बल्कि बाहर से आने वाले पर्यटकों के बीच भी सकारात्मक संदेश देते हैं। ऐसे अभियानों के माध्यम से स्वच्छता को जन-अभियान का रूप देने का प्रयास किया जा रहा है।
जिले के विभिन्न प्रखंडों में आयोजित इस विशेष अभियान के दौरान स्वच्छता के साथ-साथ जनभागीदारी और जागरूकता पर विशेष जोर दिया गया। ग्रामीण स्तर पर विभिन्न विभागों एवं समुदाय के सामूहिक प्रयास से स्वच्छ एवं सुंदर गढ़वा के निर्माण का संदेश दिया गया।
