मास कॉम
रांची। झारखंड में उच्च और तकनीकी शिक्षा के ढांचे को आधुनिक डिजिटल तकनीक से लैस करने की दिशा में राज्य सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। झारखंड सरकार की पहल पर रांची विश्वविद्यालय (RU) के अंतर्गत संचालित ‘स्कूल ऑफ मास कम्यूनिकेशन’ में एक अत्याधुनिक केंद्रीकृत (सेंट्रलाइज्ड) डिजिटल स्टूडियो और ‘जे टॉक’ (J-Talk) पॉडकास्ट रूम की स्थापना की जाएगी।
यह स्टूडियो पूरी तरह से केंद्रीकृत होगा, जिसका मुख्य उद्देश्य राज्य के प्रमुख विश्वविद्यालयों में डिजिटल अध्ययन-अध्यापन, ऑनलाइन कंटेंट निर्माण और पॉडकास्टिंग की उच्च स्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
चार प्रमुख विश्वविद्यालय संयुक्त रूप से करेंगे उपयोग
इस केंद्रीकृत डिजिटल स्टूडियो का लाभ केवल रांची विश्वविद्यालय तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि राज्य के चार प्रमुख विश्वविद्यालय संयुक्त रूप से इसका उपयोग कर सकेंगे। इनमें शामिल हैं:
- रांची विश्वविद्यालय (Ranchi University)
- डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय (DSPMU)
- झारखंड रक्षा शक्ति विश्वविद्यालय (JRSU)
- झारखंड यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी (JUT)
इस व्यवस्था से चारों विश्वविद्यालयों के शिक्षकों, शोधार्थियों और छात्रों को उच्च गुणवत्ता वाले वीडियो लेक्चर, पॉडकास्ट, डिजिटल कंटेंट और शैक्षणिक प्रोग्राम रिकॉर्ड व प्रसारित करने के लिए एक विश्वस्तरीय मंच प्राप्त होगा।
बीसीआईएल और उच्च शिक्षा विभाग की टीम ने किया स्थल निरीक्षण
केंद्रीकृत स्टूडियो के निर्माण और तकनीकी आवश्यकताओं का आकलन करने के लिए सोमवार को एक उच्चस्तरीय विशेषज्ञ टीम ने रांची विश्वविद्यालय स्थित ‘स्कूल ऑफ मास कम्यूनिकेशन’ का दौरा कर स्थल निरीक्षण किया।
यह संयुक्त टीम केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अधीन कार्यरत ब्रॉडकास्ट इंजीनियरिंग कंसल्टेंट्स इंडिया लिमिटेड (BECIL/बीसीआईएल) की तकनीकी टीम और झारखंड उच्च व तकनीकी शिक्षा विभाग के प्रतिनिधियों को मिलाकर बनाई गई थी।
केंद्रीय व तकनीकी टीम में शामिल अधिकारी:
- प्रवीन मंडल (बीसीआईएल)
- सुनील करे (बीसीआईएल)
- रंजीत बेदी (बीसीआईएल)
- चंदन कुमार (जीएम, जेएसएफडी)
- अभिनव कोहली
- नमदिप्ता साहू
रांची विश्वविद्यालय के प्रतिनिधि: निरीक्षण के दौरान सहयोग और समन्वय के लिए रांची विश्वविद्यालय की ओर से आईटी व डिजिटल लर्निंग के निदेशक डॉ. राजकुमार, सीवीएस के निदेशक डॉ. स्मृति सिंह तथा मास कॉम विभाग के निदेशक डॉ. बसंत कुमार झा विशेष रूप से उपस्थित रहे।
हर अंगीभूत कॉलेज में बनेगा ‘फुली इंटरैक्टिव स्मार्ट क्लासरूम’
डिजिटल स्टूडियो के अलावा, झारखंड सरकार ने राज्य के सभी विश्वविद्यालयों के अंतर्गत आने वाले प्रत्येक अंगीभूत (कॉन्स्टिट्यूएंट) कॉलेज में कम से कम एक क्लासरूम को ‘फुली इंटरैक्टिव स्मार्ट क्लासरूम’ के रूप में विकसित करने का बड़ा निर्णय लिया है।
इस योजना के तहत रांची विश्वविद्यालय के आईटी व डिजिटल लर्निंग निदेशक डॉ. राजकुमार संबंधित कॉलेजों की सूची तैयार कर जल्द ही उच्च व तकनीकी शिक्षा विभाग को भेजेंगे। इन स्मार्ट क्लासरूम्स के बनने से सुदूर क्षेत्रों के छात्रों को भी डिजिटल शिक्षा का सीधा लाभ मिल सकेगा।
अन्य विश्वविद्यालयों के दौरे का कार्यक्रम तय
तकनीकी टीम राज्य के अन्य विश्वविद्यालयों में भी स्मार्ट क्लासरूम और डिजिटल सुविधाओं की संभावनाओं को खंगालने के लिए चरणबद्ध तरीके से निरीक्षण करेगी। तय कार्यक्रम के अनुसार तकनीकी टीम का दौरा इस प्रकार रहेगा:
| दिनांक | विश्वविद्यालय / स्थान |
| 27 अक्टूबर | विनोबा भावे विश्वविद्यालय (हजारीबाग) |
| 28 अक्टूबर | कोल्हान विश्वविद्यालय (चाईबासा) |
| 29 अक्टूबर | विनोद बिहारी महतो कोयलांचल विश्वविद्यालय (धनबाद) |
| 30 अक्टूबर | सिदो-कान्हू मुर्मू विश्वविद्यालय (दुमका) |
शिक्षा क्षेत्र पर प्रभाव और महत्व
मास कॉम विभाग में डिजिटल स्टूडियो और ‘जे टॉक’ पॉडकास्ट रूम की स्थापना से झारखंड की उच्च शिक्षा प्रणाली में क्रांतिकारी बदलाव आने की उम्मीद है। इससे न केवल पत्रकारिता और जनसंचार के विद्यार्थियों को आधुनिक मीडिया टूल्स का व्यावहारिक ज्ञान मिलेगा, बल्कि विभिन्न विषयों के ई-कंटेंट (E-Content) तैयार कर उन्हें डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से बड़े पैमाने पर साझा किया जा सकेगा।
https://zindagijindabaad.com/jharkhand-universities-rules-notification/
https://zindagijindabaad.com/grand-commencement-of-historic-mudma-jatra/
https://zindagijindabaad.com/newborn-body-case-dc-and-sp-inspect-mmch/

[…] https://zindagijindabaad.com/a-state-of-the-art-digital-studio-will-be/ […]