झारखंड में JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित धांधली और धांधली के खिलाफ आंदोलित छात्रों और राज्य सरकार के बीच आज (सोमवार, 17 अगस्त) दोपहर 2:30 बजे रांची स्थित राजकीय अतिथिशाला (State Guest House) में होने वाली हाई-प्रोफाइल बैठक पूरे घटनाक्रम का सबसे बड़ा केंद्र बिंदु बन गई है. स्वतंत्रता दिवस पर निकाली गई ऐतिहासिक ‘तिरंगा यात्रा’ और आगामी 20 अगस्त को प्रस्तावित मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के आवास घेराव के अल्टीमेटम से पैदा हुए भारी प्रशासनिक दबाव के बाद, सरकार ने वार्ता की पहल करते हुए छात्रों को आज दोपहर बातचीत की मेज पर बुलाया है. आज दोपहर 2:30 बजे होने वाली यह वार्ता ही यह तय करेगी कि राज्य में महीनों से उबल रहा छात्र आक्रोश किसी समाधान की दिशा में बढ़ेगा या फिर 20 अगस्त को आर-पार की जंग छिड़ेगी.
JPSC-JSSC Protest
आज दोपहर की इस बैठक में अभ्यर्थियों की ओर से ‘JPSC-JSSC रिफॉर्म्स मंच’ का 10 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल शामिल होगा. इस टीम में रविंद्र पासवान, पीयूष कुमार सिंह, रविंद्र कुमार रवि, कार्तिक सोरेन, राजेश प्रसाद, उमेश प्रसाद, शशांक कुमार, अंकित कुमार, आनंद कुमार और शालू कुमारी शामिल हैं, जो सरकार के उच्च अधिकारियों और प्रतिनिधियों के सामने छात्रों की मांगें रखेंगे. प्रतिनिधिमंडल का रुख पूरी तरह सख्त है; उनका साफ कहना है कि वे किसी भी तरह के महज मौखिक या औपचारिक आश्वासनों को स्वीकार नहीं करेंगे. बैठक में मुख्य रूप से परीक्षा प्रणाली में संपूर्ण पारदर्शिता, पूर्व की परीक्षाओं में हुई कथित धांधली की निष्पक्ष जांच और पारदर्शी परीक्षा कैलेंडर लागू करने जैसे मुद्दों पर ठोस और समयबद्ध फैसले की मांग की जाएगी.
JPSC-JSSC Protest
इस समय पूरे राज्य की नजरें राजकीय अतिथिशाला में होने वाली आज दोपहर 2:30 बजे की इसी बैठक पर टिकी हुई हैं. यदि आज की वार्ता में सरकार छात्रों की न्यायसंगत मांगों पर लिखित और ठोस सहमति जताने में सफल रहती है, तो 20 अगस्त का मुख्यमंत्री आवास घेराव टल सकता है और गतिरोध समाप्त हो सकता है. वहीं दूसरी ओर, यदि आज दोपहर की यह बातचीत बेनतीजा रहती है या सरकार छात्रों को संतुष्ट करने में नाकाम रहती है, तो छात्रों का असंतोष और अधिक उग्र रूप ले लेगा और 20 अगस्त को प्रस्तावित मुख्यमंत्री आवास का घेराव होना तय माना जा रहा है.
