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सरायकेला|ईचागढ़

14 अगस्त 2026। झारखंड में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को लेकर निर्वाचन विभाग ने जमीनी स्तर पर निगरानी तेज कर दी है। इसी क्रम में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने शुक्रवार को 51-सरायकेला और 50-ईचागढ़ विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न मतदान केंद्र क्षेत्रों का भौतिक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने घर-घर जाकर मतदाताओं से संवाद किया और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण से जुड़े कार्यों की वास्तविक स्थिति की जानकारी ली।

निरीक्षण के दौरान मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) द्वारा किए जा रहे सर्वेक्षण, मतदाता सत्यापन, पात्र नागरिकों के पंजीकरण और मतदाता सूची में दर्ज विवरणों की शुद्धता की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि मतदाता सूची पुनरीक्षण की प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता और सावधानी के साथ पूरी की जाए, ताकि कोई भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से बाहर न रह जाए।

मतदाता सूची पुनरीक्षण में हर घर तक पहुंचने का निर्देश

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने बीएलओ को निर्देश दिया कि वे अपने मतदान केंद्र क्षेत्र के प्रत्येक घर तक पहुंचें और वहां रहने वाले सभी पात्र नागरिकों की जानकारी प्राप्त करें। उन्होंने ‘होम-टू-रोल’ की अवधारणा के अनुरूप पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में शामिल करने पर विशेष जोर दिया।

उन्होंने कहा कि मतदाता सूची पुनरीक्षण का उद्देश्य केवल नए नाम जोड़ना नहीं है, बल्कि मौजूदा सूची में दर्ज नाम और विवरणों को भी सही एवं अद्यतन रखना है। इसके लिए बीएलओ को घर-घर जाकर लोगों से संवाद करना होगा और आवश्यक दस्तावेजों के आधार पर जानकारी का सत्यापन करना होगा।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने मतदाताओं से भी अपील की कि जब बीएलओ सत्यापन के लिए उनके घर पहुंचें तो उन्हें सही जानकारी और जरूरी दस्तावेज उपलब्ध कराएं।

एक परिवार–एक मतदान केंद्र पर जोर

निरीक्षण के दौरान ‘एक परिवार–एक मतदान केंद्र’ व्यवस्था पर भी विशेष जोर दिया गया। के. रवि कुमार ने कहा कि एक ही परिवार या घर में रहने वाले सभी पात्र भारतीय नागरिकों के नाम एक ही मतदान केंद्र की मतदाता सूची में दर्ज होने चाहिए।

यदि किसी परिवार के सदस्यों के नाम अलग-अलग मतदान केंद्रों या अलग-अलग भागों में दर्ज हैं, तो आवश्यक सुधार के लिए फॉर्म-8 के माध्यम से आवेदन किया जा सकता है। निर्वाचन विभाग का उद्देश्य ऐसी विसंगतियों को दूर कर मतदाता सूची को अधिक व्यवस्थित और त्रुटिरहित बनाना है।

इससे मतदाताओं को मतदान के समय होने वाली परेशानियों को कम करने में भी मदद मिलेगी। साथ ही निर्वाचन प्रक्रिया में मतदाता सूची की सटीकता और विश्वसनीयता बढ़ेगी।

18 वर्ष पूरे कर चुके युवाओं का नाम जोड़ने की अपील

मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान के दौरान 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके युवाओं को भी मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज कराने के लिए जागरूक किया जा रहा है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि पात्र युवा फॉर्म-6 और घोषणा पत्र के माध्यम से अपना नाम मतदाता सूची में शामिल कराने के लिए आवेदन करें।

युवा मतदाताओं के पंजीकरण को लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। पहली बार मतदान करने वाले युवाओं को अपने नाम और अन्य विवरणों की जांच कर समय पर पंजीकरण कराना चाहिए।

निर्वाचन विभाग की ओर से बूथ स्तर पर भी पात्र युवाओं को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।

दूसरे राज्य से झारखंड आए पात्र नागरिक भी कराएं नाम स्थानांतरित

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने ऐसे पात्र नागरिकों के लिए भी जानकारी दी, जो पहले किसी अन्य राज्य की मतदाता सूची में पंजीकृत थे और अब सामान्य रूप से झारखंड में निवास कर रहे हैं।

ऐसे पात्र नागरिक फॉर्म-8 और घोषणा पत्र के माध्यम से अपना नाम संबंधित निर्वाचन क्षेत्र में स्थानांतरित कराने के लिए आवेदन कर सकते हैं। इससे मतदाता सूची में एक व्यक्ति के नाम की अनावश्यक दोहरी प्रविष्टि की संभावना को कम करने में मदद मिलेगी।

निर्वाचन विभाग का उद्देश्य मतदाता सूची को वास्तविक निवास और पात्रता के आधार पर अद्यतन करना है।

कोई पात्र मतदाता सूची से न छूटे

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण का मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची को समावेशी, शुद्ध, अद्यतन और त्रुटिरहित बनाना है। उन्होंने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि कोई भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे।

साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी विदेशी या अपात्र व्यक्ति का नाम मतदाता सूची में शामिल न हो। इसके लिए मतदाता आवेदनों और दस्तावेजों की तथ्यपरक जांच जरूरी है।

उन्होंने ईआरओ और एईआरओ को निर्देश दिया कि प्रत्येक आवेदन का निष्पक्ष और सावधानीपूर्वक सत्यापन किया जाए तथा भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार समयबद्ध तरीके से उसका निष्पादन सुनिश्चित किया जाए।

बिना प्रक्रिया के नहीं हटेगा किसी पात्र मतदाता का नाम

मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान नाम जोड़ने के साथ-साथ नाम हटाने की प्रक्रिया पर भी विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं। के. रवि कुमार ने स्पष्ट किया कि किसी भी पात्र मतदाता का नाम निर्धारित प्रक्रिया और सक्षम प्राधिकारी के आदेश के बिना मतदाता सूची से नहीं हटाया जाएगा।

इस निर्देश का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सत्यापन के दौरान किसी वास्तविक और पात्र मतदाता का नाम गलती से सूची से बाहर न हो जाए। अधिकारियों को प्रत्येक मामले में उपलब्ध दस्तावेजों और तथ्यों की जांच करने के बाद ही आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया है।

मतदाताओं से खुद सूची जांचने की अपील

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने आम मतदाताओं से भी अपील की कि वे मतदाता सूची में अपना नाम और परिवार के सभी पात्र सदस्यों के नाम की जांच करें। नाम, पता और अन्य विवरणों में किसी प्रकार की गलती होने पर निर्धारित फॉर्म के माध्यम से सुधार के लिए आवेदन किया जा सकता है।

उन्होंने कहा कि मतदाता सूची को सही रखने में केवल निर्वाचन विभाग की ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों की भी महत्वपूर्ण भूमिका है। यदि मतदाता स्वयं अपने विवरणों का सत्यापन करेंगे और समय पर आवश्यक सुधार के लिए आवेदन करेंगे, तो सूची को अधिक सटीक बनाने में मदद मिलेगी।

अधिकारियों को पारदर्शी और समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश

निरीक्षण के दौरान मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने निर्वाचन अधिकारियों को आवेदनों के निपटारे में पारदर्शिता बनाए रखने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची पुनरीक्षण से संबंधित प्रत्येक आवेदन को निर्धारित नियमों के अनुसार जांचा जाए और पात्र मामलों का समय पर समाधान किया जाए।

बीएलओ, ईआरओ और एईआरओ के बीच बेहतर समन्वय के जरिए पुनरीक्षण कार्य को प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया। जमीनी स्तर पर प्राप्त जानकारी और दस्तावेजों का सही तरीके से सत्यापन कर निर्वाचन कार्यालय तक पहुंचाना इस पूरी प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

सरायकेला और ईचागढ़ में जमीनी स्थिति का निरीक्षण

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने सरायकेला और ईचागढ़ विधानसभा क्षेत्रों के विभिन्न मतदान केंद्र क्षेत्रों का दौरा कर सीधे मतदाताओं से बातचीत की। इस दौरान उन्होंने बीएलओ द्वारा किए गए सर्वेक्षण की स्थिति को समझा और यह जानने का प्रयास किया कि लोगों को मतदाता सूची से जुड़े कार्यों में किसी तरह की परेशानी तो नहीं हो रही है।

इस तरह के भौतिक निरीक्षण से निर्वाचन विभाग को जमीनी स्तर पर चल रहे मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान की वास्तविक स्थिति समझने में मदद मिलती है।

निर्वाचन प्रक्रिया को मजबूत बनाने की पहल

मतदाता सूची किसी भी लोकतांत्रिक चुनाव की आधारभूत आवश्यकता है। इसमें दर्ज नाम और विवरण सही होना निष्पक्ष मतदान प्रक्रिया के लिए बेहद जरूरी है। इसी उद्देश्य से विशेष गहन पुनरीक्षण के जरिए मतदाता सूची में पात्र नागरिकों को शामिल करने और गलत या अपात्र प्रविष्टियों की पहचान करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।

मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान के तहत प्रशासन का जोर घर-घर सत्यापन, पात्र नागरिकों का पंजीकरण, विवरणों में सुधार और दस्तावेजों की जांच पर है। निर्वाचन विभाग की कोशिश है कि सूची अधिकतम सटीक और अद्यतन हो।

इस अवसर पर जिला निर्वाचन पदाधिकारी सरायकेला-खरसावां नीतीश कुमार सिंह, उप निर्वाचन पदाधिकारी श्रीमती पारुल सिंह, 51-सरायकेला एवं 50-ईचागढ़ विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र के ईआरओ, एईआरओ तथा जिला निर्वाचन कार्यालय के अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

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