ग्रामीण भारत में आज भी अनगिनत ऐसे प्रतिभावान छात्र-छात्राएं मौजूद हैं जो संसाधनों के अभाव और मार्गदर्शन की कमी के कारण बोर्ड परीक्षाओं में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने से वंचित रह जाते हैं। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों के सपनों को संबल देने और उनके शैक्षणिक आधार को मजबूत करने की दिशा में बेदिया युवा मंच ने एक बेहद ही अनूठी, सराहनीय और अनुकरणीय पहल की है।
रांची जिले के अनगड़ा, सिल्ली तथा रामगढ़ के गोला प्रखंड के सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों के जरूरतमंद बच्चों के लिए मंच द्वारा मैट्रिक परीक्षा 2027 की बेहतर तैयारी हेतु विशेष निःशुल्क वीकली टेस्ट सीरीज का भव्य शुभारंभ किया जा रहा है। बेदिया युवा मंच के तत्त्वावधान में संचालित ‘शहीद जीतराम बेदिया कोचिंग सेंटर’ पिछले छह वर्षों से इन सुदूरवर्ती इलाकों में शिक्षा की अलख जगाने में निरंतर लगा हुआ है।
इसी समर्पित शैक्षणिक यात्रा को एक नया आयाम देते हुए मंच ने आगामी झारखंड एकेडमिक काउंसिल (JAC) बोर्ड की मैट्रिक परीक्षा 2027 को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक रविवार को निःशुल्क टेस्ट सीरीज आयोजित करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया है। इस महत्वाकांक्षी योजना का प्राथमिक उद्देश्य आर्थिक तंगी से जूझ रहे विद्यार्थियों को बोर्ड की मुख्य परीक्षा से पहले एक ऐसा मंच प्रदान करना है जहाँ वे न केवल नियमित रूप से अपनी तैयारी का सटीक मूल्यांकन कर सकें, बल्कि परीक्षा से जुड़े अपने हर डर और झिझक को दूर कर आत्मविश्वास के साथ परीक्षा भवन में प्रवेश कर सकें।
यह टेस्ट सीरीज विद्यार्थियों के लिए पूरी तरह से निःशुल्क रखी गई है ताकि गाँव के अंतिम व्यक्ति के बच्चे तक भी इस गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और मूल्यांकन का लाभ बिना किसी वित्तीय बोझ के पहुँच सके। परीक्षा के पैटर्न को पूरी तरह से झारखंड एकेडमिक काउंसिल (JAC) के नवीनतम पाठ्यक्रम और मानक के अनुरूप तैयार किया गया है। इसके अंतर्गत विषयवार मूल्यांकन किया जाएगा, जिसमें गणित, विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, हिंदी और अंग्रेजी जैसे सभी मुख्य विषयों के नियमित टेस्ट आयोजित होंगे।
प्रत्येक रविवार को होने वाली इस परीक्षा प्रक्रिया में केवल प्रश्नों के उत्तर लिखना ही शामिल नहीं होगा, बल्कि मॉडल पेपर्स का गहन अभ्यास और परीक्षा के उपरांत विशेष संदेह निवारण (डाउट क्लियरिंग) कक्षाएं भी संचालित की जाएंगी। इन संशय निवारण सत्रों में विषय-विशेषज्ञों और अनुभवी शिक्षकों द्वारा विद्यार्थियों की कमियों की पहचान कर उन्हें सुधारने के व्यावहारिक सुझाव दिए जाएंगे, ताकि वे वास्तविक बोर्ड परीक्षा में बेहतर अंक हासिल कर सकें।

सुदूर इलाकों में रहने वाले विद्यार्थियों की पहुँच को सुगम बनाने और उन्हें लंबी दूरी तय करने की असुविधा से बचाने के लिए बेदिया युवा मंच ने विभिन्न क्षेत्रों में कुल छह परीक्षा केंद्र बनाए हैं। ये सभी केंद्र प्रत्येक रविवार की सुबह 9:00 बजे से एक साथ संचालित होंगे। पहला केंद्र हलमाद (बरवाटोला) कोचिंग सेंटर है, जिसका कुशलतापूर्वक संचालन श्री जनार्दन बेदिया द्वारा किया जा रहा है। दूसरा केंद्र टाटी सिंगारी स्थित शहीद जीतराम बेदिया कोचिंग सेंटर है, जहाँ की कमान संयुक्त रूप से श्री सीताराम बेदिया और श्री चिराग बेदिया संभाल रहे हैं। तीसरा केंद्र रामपुर चारलू में स्थित शहीद नीलांबर पीतांबर कोचिंग सेंटर है, जिसे श्री मनोज भोगता के निर्देशन में संचालित किया जा रहा है।
चौथा केंद्र M&R कोचिंग सेंटर है, जिसके संचालक श्री राजन बेदिया हैं। पांचवां केंद्र बुटगोड़ा में B.S.S कोचिंग सेंटर के रूप में स्थापित किया गया है, जिसका संचालन सामाजिक संस्था बुटगोड़ा सेवा समिति (NGV समिति बुटगोड़ा) के माध्यम से हो रहा है। वहीं छठा केंद्र कुसुम टिकरा में स्वर्गीय सुखदेव बेदिया कोचिंग सेंटर के नाम से संचालित है, जिसकी जिम्मेवारी श्री सृष्टिधर बेदिया और श्री गुहीराम बेदिया के कंधों पर है।
ग्रामीण प्रतिभाओं को तराशने के इस निस्वार्थ महायज्ञ में बेदिया युवा मंच की एक पूरी समर्पित और ऊर्जावान टीम दिन-रात जुटी हुई है। मंच के सभी सदस्य अपने-अपने क्षेत्रों में छात्रों को जागरूक करने, केंद्रों पर व्यवस्थाएं दुरुस्त करने और पठन-पाठन की सामग्री सुनिश्चित करने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। इस अनूठी शैक्षणिक क्रांति को सफल बनाने में मंच के सदस्य गिरीधारी कुमार मांझी, लखींद्र बेदिया, दिनेश बेदिया, अजय मांझी, इंदु बेदिया, चारुप्रसाद मांझी, गुहीराम बेदिया, छोटू बेदिया, चेतन मांझी, अनूप बेदिया, मनोज भोगता, रिझु बेदिया, तिलका बेदिया, चिराग बेदिया, त्रिदेव और अघनु बेदिया पूरी तन्मयता के साथ लगे हुए हैं।
बेदिया युवा मंच का मानना है कि यदि सही समय पर ग्रामीण बच्चों को सही मार्गदर्शन और अभ्यास का अवसर मिले, तो वे भी राज्य स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा सकते हैं। यह निःशुल्क टेस्ट सीरीज न केवल सैकड़ों विद्यार्थियों के शैक्षणिक भविष्य को एक नया संबल प्रदान करेगी, बल्कि पूरे क्षेत्र में सामाजिक व शैक्षणिक बदलाव की एक नई इबारत भी लिखेगी।
https://zindagijindabaad.com/students-got-acquainted-with-the-magnificent/
https://zindagijindabaad.com/pradhan-mantri-dhan-dhanya-krishi-yojana/
https://zindagijindabaad.com/from-mahua-tree-to-mahua-cafe/
